1500 साला जशने ईदे मीलादुन्नबी ﷺ के मौक़े पर उलमा ए अहलेसुन्नत, अइम्मा ए मसाजिद और हुफ़्फ़ाज़े किराम के लिए शानदार पेशकश!
माए सुन्नी ज़ियारत टूर, मुम्बई ने यह इरादा किया है कि आने वाली बारहवीं शरीफ़ के मौक़े पर पूरे मुल्क से 1500 आशिक़ाने रसूल को रिआयती (डिस्काउंट) क़ीमत पर हरमैन शरीफ़ैन के सफ़र पर भेजा जाए। इसमें हमारा मक़सद सिर्फ़ उमराह करवाना नहीं है बल्कि बारहवीं शरीफ़ के मौक़े पर ख़ुश-अक़ीदा सुन्नी मुसलमानों को मदीना शरीफ़ की हाज़िरी का एक नादिर मौक़ा फ़राहम करना है।
लिहाज़ा हमें ऐसे बा-वक़ार और मो’तबर नुमाइंदों की ज़रूरत है जो इस बात को यक़ीनी बनाएं कि हमारे रिआयती पैकेज से सिर्फ़ वही हज़रात फ़ायदा उठाएं जो सहीहुल अक़ीदा सुन्नी हों और इमामे अहलेसुन्नत, आला हज़रत, इमाम अहमद रज़ा ख़ान रहमतुल्लाह अलैह से सच्ची अक़ीदत वो मोहब्बत रखते हों। इस मक़सद के लिए हम पूरे देश से उलमा ए किराम, अइम्मा ए मसाजिद और हुफ़्फ़ाज़े किराम की जमाअत से 150 नुमाइंदों को चुनना चाहते हैं।
मनसूबा यह है कि इस पैकेज की तश्हीर (Advertise), माए सुन्नी ज़ियारत टूर की जानिब से पूरे देश में की जाएगी और उमराह के ख़्वाहिशमंद हज़रात जिस इलाक़े से राब्ता करेंगे, उन्हें वहां मौजूद हमारे मुअज़्ज़ज़ नुमाइंदों (यानी आप) का राब्ता नंबर दे दिया जाएगा। आप की बुनियादी ज़िम्मेदारी सिर्फ़ इतनी होगी कि आप उस शख़्स के अक़ीदे की तस्दीक़ फ़रमाएं कि वो वाक़ई सहीहुल अक़ीदा सुन्नी और आला हज़रत का सच्चा मुहिब वो ग़ुलाम है या नहीं? इसके अलावा उससे रक़म के लेन-देन की ज़िम्मेदारी आप की नहीं होगी बल्कि वो तमाम काम हम ख़ुद डायरेक्ट करें गे।
इस तरह आप जिन लोगों के सुन्नी होने की तस्दीक़ करेंगे, उनका नाम क़बूल करते हुए उन्हें उमराह के पैकेज में 15000 रुपये का डिस्काउंट दिया जाएगा और इन शा अल्लाह तआला उनकी बारहवीं शरीफ़ मदीना मुनव्वरा में होगी। ऐसे कम अज़ कम 10 अफ़राद की तस्दीक़ करने के एवज़, माए सुन्नी ज़ियारत टूर की जानिब से आप की ख़िदमत में, 15000 रुपये पेश किए जाएंगे और ये सिलसिला अगली बारहवीं शरीफ़ तक चलता रहे गा।
अगर आप इस मनसूबे का हिस्सा बनना चाहते हैं तो नीचे लिखे नंबर पर अपना मुकम्मल नाम व पता, उम्र, दीनी तालीम की तफ़्सील, अपनी मस्जिद या मदरसे का फ़ोटो (जानदार की तस्वीर के बग़ैर) और दीगर ज़रूरी बातें मुख़्तसर और साफ़ सुथरे अंदाज़ में लिख कर व्हाट्सएप से भेज दें और कॉल हरगिज़ न करें। इन शा अल्लाह तआला हम आप की दरख़्वास्त देखने के बाद चंद रोज़ में ख़ुद ही आप से राब्ता करेंगे।
788 76 786 12
नोट: व्हाट्सएप से दरख़्वास्त भेजने के बाद इंतेज़ार करें और बार बार मैसेज न करें। अगर आपने इंतेज़ार करने की बजाए किसी भी नंबर पर हमें कॉल किया तो हम आप की दरख़्वास्त क़बूल नहीं करेंगे।
याद रहे के आप हमारा नंबर अपने फ़ोन में ज़रूर सेव (Save) करें वरना हमारा अगला जवाब आप तक नहीं पहुंच सकेगा।